पूज्य करपात्री जी का संकल्प भारत को पुनः बनाएगा विश्व गुरु: ओम प्रकाश

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

ABK24NEWS (विनय पाठक)

प्रतापगढ़। सकल हिंदू समाज आयोजन समिति द्वारा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में धर्म सम्राट स्वामी करपात्री जी महाराज की पावन जन्मभूमि भटनी में एक ‘विशाल हिंदू सम्मेलन’ का आयोजन किया गया। इस अवसर पर मुख्य वक्ता के रूप में आरएसएस के प्रतापगढ़ विभाग प्रचारक ओम प्रकाश ने समाज को संगठित होने और राष्ट्रधर्म की रक्षा का आह्वान किया।

धर्म और संस्कृति का संरक्षण ही प्राथमिकता

सम्मेलन को संबोधित करते हुए विभाग प्रचारक ओम प्रकाश ने कहा कि हिंदू समाज सदैव मानवता और संस्कृति का संरक्षक रहा है। उन्होंने कहा, “पूज्य करपात्री जी ने अपने त्याग और तप से समाज को जागृत किया। उनका उद्घोष—’धर्म की जय हो, अधर्म का नाश हो, प्राणियों में सद्भावना हो और विश्व का कल्याण हो’—मात्र नारा नहीं, बल्कि पूरे विश्व के लिए कल्याणकारी मार्ग है।”

चुनौतियों के विरुद्ध संगठित शक्ति की आवश्यकता

ओम प्रकाश ने वर्तमान वैश्विक और आंतरिक चुनौतियों पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा:

संगठित प्रतिकार: बांग्लादेश और अन्य पड़ोसी देशों में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार एक गंभीर चुनौती हैं। यह समय रोने का नहीं, बल्कि संगठित होकर प्रतिकार करने का है।

सामाजिक समरसता: भेदभाव को मिटाकर और सामाजिक समरसता को सुदृढ़ करके ही हिंदू समाज को सशक्त बनाया जा सकता है।

बुराइयों पर प्रहार: धर्मांतरण, लव जिहाद और आतंकवाद जैसी शक्तियों को केवल संगठित शक्ति के बल पर ही परास्त किया जा सकता है।

महापुरुषों के योगदान का स्मरण

संयोगवश आज का दिन तीन महान विभूतियों और बलिदानों की स्मृति को समर्पित रहा:

अटल बिहारी वाजपेयी: पूर्व प्रधानमंत्री की जयंती पर उन्हें याद करते हुए कहा गया कि उन्होंने भारत को परमाणु संपन्न बनाकर राष्ट्रवादी विचारधारा को सत्ता में स्थापित किया। उनकी कविता ‘हिंदू तन-मन, हिंदू जीवन’ आज भी प्रेरणा देती है।

मदन मोहन मालवीय: काशी हिंदू विश्वविद्यालय के संस्थापक मालवीय जी की जयंती पर उनके शिक्षा के क्षेत्र में किए गए युगांतरकारी कार्यों को नमन किया गया।

वीर साहिबजादे: यह सप्ताह गुरु गोविंद सिंह जी के साहिबजादों और माता गुजरी के बलिदान का है, जिन्होंने धर्म की रक्षा के लिए प्राण दे दिए पर धर्म नहीं बदला।

गरिमामयी उपस्थिति

कार्यक्रम का शुभारंभ स्वामी करपात्री जी और भारत माता के चित्र पर पुष्पार्चन से हुआ। समापन भारत माता की आरती और जयघोष के साथ हुआ।

अध्यक्षता: गोकर्ण ओझा

संचालन: ओम प्रकाश पाण्डेय

प्रमुख उपस्थिति: महंत मनोज ब्रह्मचारी, साध्वी विभा, रघुवर दयाल, डॉ. सौरभ पाण्डेय (विभाग बौद्धिक शिक्षण प्रमुख), हरिओम मिश्र (पूर्व जिलाध्यक्ष), विवेक उपाध्याय, प्रिया त्रिपाठी (जिला कार्यवाहिका), सुरेश बहादुर सिंह एवं हजारों की संख्या में श्रद्धालु व स्वयंसेवक।

 

 

ABK 24 News
Author: ABK 24 News

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

और पढ़ें